क्यों विशेष है अक्षय तृतीया का पर्व

रामपुर

 07-05-2019 10:00 AM
विचार I - धर्म (मिथक / अनुष्ठान)

अक्षय तृतीया को आखा तीज के नाम से भी जाना जाता है। इस शुभ तिथि के दिन कई पौराण‍िक महत्‍व बताए गए हैं। अक्षय तृतीया को हिन्दू पंचांग में बेहद शुभ माना जाता है। पौराणिक कथाओं और प्राचीन इतिहास के अनुसार, अक्षय तृतीया का दिन कई महत्वपूर्ण घटनाओं को दर्शाता है-
1. वेद व्यास और श्रीगणेश द्वारा महाभारत ग्रन्थ के लेखन का प्रारंभ भी अक्षय तृतीया के द‍िन से ही माना जाता है।
2. इस दिन को भगवान विष्णु के छठे अवतार भगवान परशुराम की जयंती के रूप में भी मनाया जाता है |
3. कहते है- इस दिन, देवी अन्नपूर्णा का जन्म हुआ।
4. इस दिन, भगवान कृष्ण ने अपने गरीब दोस्त सुदामा को धन और मौद्रिक लाभ प्रदान किया था, जो मदद के लिए अपने बचाव में आए थे|
5. महाभारत के अनुसार, इस दिन भगवान कृष्ण ने अपने निर्वासन के दौरान पांडवों को ‘अक्षय पात्र दिया था । उन्होंने इस कटोरे के साथ आशीष दिया था कि यह पात्र हमेशा असीमित मात्रा में भोजन से भरा रहेगा और जिसके पास भी ये पत्र होगा वो कभी भूखा नहीं रहेगा।
6. अक्षय तृतीया के दिन, गंगा नदी पृथ्वी पर स्वर्ग से उतरी थी ।
7. इस दिन कुबेर ने देवी लक्ष्मी जी की उपासना की थी, और इस तरह उन्हें भगवान के खजांची होने का काम सौंपा गया।
8. जैन धर्म में, इस दिन भगवान आदिनाथ, जैनों के पहले भगवान की स्मृति में मनाया जाता है।
9. चार युगों की शुरुआत अक्षय तृतीया से मानी गई है। इसी द‍िन से सतयुग और त्रेतायुग का प्रारंभ बताया जाता है।
10. अक्षय तृतीया के द‍िन ही भगवान विष्णु के अवतार नर-नारायण और हयग्रीव का अवतरण हुआ था।
11. ब्रह्माजी के पुत्र अक्षय कुमार का आविर्भाव अर्थात उदीयमान भी अक्षय तृतीया से ही जुड़ा है।
12. वहीं धारणा है कि अक्षय तृतीया के द‍िन ही महाभारत के युद्ध का समापन भी हुआ था।
13. अक्षय तृतीया के द‍िन ही द्वापर युग का समापन माना गया है।
14. देश के प्रस‍िद्ध तीर्थस्थल श्री बद्रीनाथ के कपाट भी भक्तों के लिए अक्षय तृतीया वाली तिथि से ही खोले जाते हैं।
15. वृन्दावन के श्री बांके बिहारी जी मंदिर में सम्पूर्ण वर्ष में केवल एक बार, अक्षय तृतीया पर ही श्री विग्रह के चरणों के दर्शन होते हैं।

आज प्रारंग आपके लिए लेकर आया है अक्षय तृतीया के महत्त्व से सम्बंधित कुछ रोचक जानकारी के बारे में एक चलचित्र जिसमे अक्षय तृतीया के महत्व बता रहे हैं पंडित भवानी शंकर वैदिक और इस चलचित्र को प्रदर्शित किया है धर्म टीवी (Television) ने।

सन्दर्भ:
1. https://bit.ly/2VOstOb
2. https://bit.ly/2Y6vve4
3. https://www.youtube.com/watch?v=lzOzuna2iWI



RECENT POST

  • आपकी पसंदीदा जीप जोड़ती है पाकिस्तान अमरीका और भारत को
    नगरीकरण- शहर व शक्ति

     25-05-2019 10:30 AM


  • अनौपचारिक रोजगार में लाभदायक है गिग अर्थव्यवस्था (GIG Economy)
    विचार 2 दर्शनशास्त्र, गणित व दवा

     24-05-2019 10:30 AM


  • नोबेल पुरस्कार के लिए साहित्यिक भाषा विवाद का कारण है
    ध्वनि 2- भाषायें

     23-05-2019 10:30 AM


  • रामपुर में भी देखी गयी दुर्लभ खरगोश प्रजाति - हिसपिड हेयर
    स्तनधारी

     22-05-2019 10:30 AM


  • मॉरिशस में भारतीय दासों की स्थिति
    उपनिवेश व विश्वयुद्ध 1780 ईस्वी से 1947 ईस्वी तक

     21-05-2019 10:30 AM


  • विश्‍व का सबसे अमीर क्रिकेट बोर्ड, बीसीसीआई
    विचार 2 दर्शनशास्त्र, गणित व दवा

     20-05-2019 11:02 AM


  • जहाजी भाई - पिछले 20 सालों से लोकप्रिय एक सोका चटनी (Soca Chutney) गीत
    ध्वनि 1- स्पन्दन से ध्वनि

     19-05-2019 10:00 AM


  • औद्योगिक क्षेत्र में पिछड़ता उत्‍तर प्रदेश, पर क्या हैं इसकी वजह?
    विचार 2 दर्शनशास्त्र, गणित व दवा

     18-05-2019 09:30 AM


  • सकल घरेलू उत्‍पाद से ज़्यादा ज़रूरी है प्रति व्यक्ति सकल घरेलू उत्पाद में वृद्धि
    विचार 2 दर्शनशास्त्र, गणित व दवा

     17-05-2019 10:30 AM


  • पवित्र कुरान की विभिन्‍न हस्‍तलिपियां
    द्रिश्य 3 कला व सौन्दर्य

     16-05-2019 10:30 AM






  • © - 2017 All content on this website, such as text, graphics, logos, button icons, software, images and its selection, arrangement, presentation & overall design, is the property of Indoeuropeans India Pvt. Ltd. and protected by international copyright laws.