वर्ष के हर महीने देते हैं हमें कुछ सीख

रामपुर

 31-12-2018 11:19 AM
सिद्धान्त I-अवधारणा माप उपकरण (कागज/घड़ी)

आज साल का अखरी दिन है, इसके बाद हम एक नए साल में कदम रखने जा रहें हैं, तो इस नई शुरुआत में लगभग 365.25 दिनों के हमारे आधुनिक वर्ष की उत्पत्ति के बारे में जानने के लिए यह एक अच्छा समय है। 3000 वर्षों में चंद्र महीने के 29.5 दिनों और सौर वर्ष के 365.25 दिनों की व्याख्या और गलत व्याख्याओं का एक अद्भुत ऐतिहासिक उत्पादन :

जनवरी - जीवन चक्र

जनवरी का नाम रोमन के देवता जानूस (प्रारंभ के देवता) के नाम पर रखा गया है, वहीं देवता जानूस की तरह हमारे यहां भाग्य के दरवाजे (लैटिन में जानुआ) को खोलने के लिए भगवान गणेश हैँ। ये महीना हमें जीवन चक्र :- यिन और यांग की शुरुआत और बैल तथा भालू के अंत की याद दिलाता है।

फरवरी - सत्य / नैतिकता

फेबरुआ (रोमन में शुद्धिकरण का त्योहार) में, फरवरी के पास मूल रूप से 30 दिन थे लेकिन ऑगस्टस सीज़र की जूलियस सीज़र के प्रति ईर्ष्या के कारण ऑगस्टस ने अगस्त के 30 दिन को जुलाई के 31 दिन के बराबर करने के लिए फरवरी का 1 दिन चुरा लिया था। इसलिए यह महीना हमें पवित्र रहने, ईर्ष्या से दूर रहने और नैतिकता पर ध्यान केंद्रित करने की याद दिलाता है।

मार्च - क्रियाशील बनने की आवश्यकता

मंगल ग्रह, युद्ध के देवता, मार्च महीने का नाम भी मंगल ग्रह के नाम से रखा गया है। परंपरागत रूप से यह रोमन वर्ष का पहला महीना है। जैसे आधुनिक समय में पारंपरिक युद्ध अपनी औचित्य खो देता है, वैसे ही यह महीना हमारे मस्तिष्क में युद्ध का संकेत देता है, और हमें आलस्या छोड़ने और क्रियाशील बने रहने की याद दिलाता है।

अप्रैल - आशावादी / प्रत्यक्षवादी

रोमन में अप्रैल को अपेरिरे (अर्थ खुलना) के नाम से जाना जाता है, यह वो महीना है, जब कलियां खिलकर फूल बनती हैं, अर्थात बसंत का आगमन होता है, जो पृथ्वी को ओर भी सुगंधित बना देती हैं। वैसे ही हमें भी आशावादी बनना और नाकरात्मा को छोड़ देना चाहिए।

मई – विकास/ शिक्षा

रोमन देवता मरकरी की माता ऽमइयाऽ के नाम पर मई नामकरण हुआ। वहीं मई का महीना विकास और नव-जीवन को केंद्रीत करता है। वहीं विकसित होने के लिए युवा और वृद्ध दोनों को शिक्षा की आवश्यकता होती है।

जून – रिश्ते

जिस प्रकार हमारे यहां इंद्र को आकाश और गरज के देवता का स्वामी माना गया है उसी प्रकार रोम में भी सबसे बड़े देवता जुपिटर (आकाश और गरज के देवता) हैं एवं उनकी पत्नी का नाम है जूनो, इन्हीं के नाम पर जून का नामकरण हुआ। वैसे जूनो को हैरा (ग्रीक में) और सांची (भारतीय में) के मिथक (एक अनुस्मारक की सभी जीवन से संबंधित है) के समान माना जाता है। जुनो हमें परिवारों में – रिश्तों, समाज, दोस्तों के गुणों की याद दिलाती है।

जुलाई – पर्यावरण

जुलाई महीने का नाम मार्क एंटनी द्वारा जूलियस सीज़र के नाम पर रखा गया था। जूलाई एक सूर्यवत महीना है, जो हमें पर्यावरण के महत्व की याद दिलाता है और ग्लोबल वार्मिंग के खिलाफ अभियान शुरू करने के लिए प्रेरणा देता है।

अगस्त - समानता

यह महीना ऑगस्टस सीजर के नाम पर रखा गया है, ऑगस्टस ने जुलाई के साथ 31 दिनों की समानता प्राप्त करने के लिए, फरवरी से एक दिन चुराया था। यह महीना हमें अहंकार को दूर रखने और हर व्यक्ति को एक समान देखने की याद दिलाता है।

सितंबर, अक्टूबर, नवंबर, दिसंबर - माप/संख्या

सेपटेम, ओक्टो, नवेम, दिसेम से महीनों के नाम VII, VIII, IX, X की लैटिन संख्याओं के आधार पर रखे गए हैं। वर्तमान में नौवें, दसवें, ग्यारहवें और बारहवें के अरबी अंको का प्रतिनिधित्व करते हैं। यह हमें न केवल माप के गुणों के बारे में याद दिलाते हैं, बल्कि माप को सही संदर्भ में रखने की भी याद दिलाते हैं।

मनुष्या कभी-कभी समय को बहुत गंभीरता से ले लेते हैं। वहीं जैसे कि जैसा कि हमारे कैलेंडर महीने की उत्पत्ति को दिखाता है, उस हिसाब से समय केवल एक अवधारणा है, यह जीवन में हमारी कार्यप्रणाली को मानचित्र प्रदान करने के लिए एक संकेतक से ज्यादा कुछ नहीं है। साथ ही वर्ष के प्रत्येक महीने हमें उच्च लक्ष्यों की याद दिलाते हैं।

संदर्भ :-

1. https://bit.ly/2GNPOJG


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