अंतर्राष्ट्रीय पर्यटन की दृष्टि से रामपुर के लिए एक महत्वपूर्ण देश, अफगानिस्तान

रामपुर

 22-12-2018 10:00 AM
नगरीकरण- शहर व शक्ति

यदि हम रामपुर वासियों से ये कहें कि आप अगर अंतर्राष्ट्रीय यात्रा का प्लान (Plan) बना रहे हैं तो आपको अफगानिस्तान के बारे में ज़रूर सोचना चाहिये, तो आपकी क्या प्रतिक्रिया होगी? शायद अफगानिस्तान का नाम लेते ही आप ये सोचने लगे हों कि आखिरकार यहां ऐसा क्या है जो हमे वहां जाना चहिये, तो हम आपको बता दें कि अफगानिस्तान मनमोहक दृश्यों और नज़ारों से भरा पड़ा है। और यहां की राजधानी काबुल दुनिया का सबसे तेज़ी से बढ़ता हुआ शहर माना जाता है। यह शहर लगातार अविश्वसनीय गति से बढ़ रहा है। साथ ही साथ अफगानिस्तान और रोहिलखंड दोनों के बीच पुराने समय से ही गहरे संबंध रहे हैं।

1657 में मकरंद राय द्वारा बरेली की नींव रखी गई थी और यह शहर अफगान योद्धाओं द्वारा पोषित एक अफ़ग़ान शहर ही था। बाद में यह इसके आसपास के क्षेत्रों पर नियंत्रण हासिल कर चुके प्रवासी समुदाय के रोहिल्लाओं की राजधानी बना। बरेली का विकास इन्हीं रोहिल्ला योद्धाओं के द्वारा किया गया था। ये वो जांबाज़ योद्धा थे जिन्होंने रोहिलखंड को एक नई पहचान दिलाई थी। बाद में अवध के शासक ने अंग्रेज़ों की मदद से इस क्षेत्र को जीत लिया। अफगानों ने न केवल रोहिलखंड को विकसित किया बल्कि समृद्ध रूप से इसे एक शांति के शहर में बदलकर रख दिया जहां सभी धर्मों के लोग अपना जीवन शांतिपूर्वक जी रहे थे। आज भी रोहिलखंड के शहरों में आपको अफगानों के कई पुरातात्विक स्थल देखने को मिल जाएंगे जैसे कि जामा मस्जिद (पीलीभीत), हाफिज़ रहमत खान का मकबरा (बदायूं), रज़ा पुस्तकालय (रामपुर) आदि।

आज भी रोहिलखंड में अफ़ग़ानों को महसूस किया जा सकता है, आज भी यहां कई अफ़ग़ान जनजातियों के गौरवशाली अतीत की सुगंध फैली हुई है। आज अफ़ग़ानिस्तान एक बहुत सुंदर और घूमने लायक स्थान है, यह पर्यटन की दृष्टि से मध्‍य एशिया का एक महत्वपूर्ण केंद्र माना जाता है। हम आपको यहाँ की कुछ ऐसी बातें बताएंगे जिन्हें पढ़ कर शायद आप यहां जाने का प्लान बना बैठें:

1. निकटवर्ती देश:
अफगानिस्तान का इस्लामी गणराज्य, भारत के निकटवर्ती देशों में से एक है, जो चारों ओर से ज़मीन से घिरा हुआ है। प्रायः इसकी गिनती मध्य एशिया के देशों में होती है। यह पिछले 2,000 वर्षों से कई शक्तिशाली साम्राज्यों का केंद्र भी रहा है। निकटवर्ती देश होने के कारण चार लोगों का परिवार तकरीबन 1.5 लाख में यहां आसानी से भ्रमण कर सकता है।

2. सालंग सुरंग से हिन्दू कुश पर्वत के नज़ारे और ‘दुनिया की सबसे ऊंची सुरंग’:
सालंग मार्ग काबुल और उत्तरी अफगानिस्तान को जोड़ता है। लगभग 4000 मीटर पर हिन्दू कुश पर्वत को पार करते हुए यह अब तक का सबसे सुंदर और रोमांचक मार्गों में से एक है। इस मार्ग पर सालंग सुरंग लगभग 3,400 मीटर की ऊँचाई पर स्थित है। ये 1973 तक दुनिया में सबसे ऊंची सुरंग थी। सुरंग में प्रवेश करने से पहले आपको हिन्दू कुश पर्वत के सुंदर दृश्य भी देखने को मिलेंगे।

3. दारुल अमन पैलेस:
दारुल अमन पैलेस तर्कसंगत रूप से अफगानिस्तान के समृद्ध इतिहास और कई कहानियों को दर्शाता है, यह दुनिया के सबसे प्रसिद्ध युद्ध संबंधी खंडहरों में से एक है। यद्यपि ‘दारुल अमन’ का शाब्दिक अर्थ है ‘शांति की जगह’ परंतु इसे रक्षा मंत्रालय के द्वारा उपयोग में लाया जाता था। इसका ये हाल मुजाहिदीन और रूसियों के बीच हुए युद्ध के कारण हुआ है, जिसमें मुजाहिदीन की जीत हुई थी।

4. मज़ार-ए-शरीफ़ में नीली मस्जिद:
नीली मस्जिद में हर साल हजारों तीर्थयात्री आते हैं। पौराणिक कथा के अनुसार, पैगंबर मुहम्मद के चचेरे भाई को यहां दफनाया गया है। हालांकि यह भी तर्क दिया जाता है कि उनके अवशेष इराक के नजफ में उनके अंतिम विश्राम स्थान के रूप में स्थानांतरित कर दिए गए थे, फिर भी इस मस्जिद की रहस्यमयी सुंदरता बहुत ही आकर्षक है।

5. बुज़काशी का खेल:
बुज़काशी खेल से शायद आप परिचित हों। बॉलीवुड फिल्म ‘खुदा गवाह’ में इस खेल को दिखाया जा चुका है। अफगानिस्तान के इलाकों में यह खेला जाता है और ये यहां का राष्ट्रीय खेल भी है। इसमें एक टीम (Team) के खिलाड़ी को दूसरी टीम क्षेत्र में घोड़ों पर सवार होकर एक मरी हुई बकरी को ले जाना होता है।

6. काबुल का बाज़ार:
अफगानिस्तान की राजधानी काबुल के बाजार में आपको बकरियां, पक्षी, कपड़े, भोजन, मसाले आदि सभी मिल जाएंगे। ये बाज़ार हमेशा लोगों से भरा रहता है। और साथ ही साथ आपको यहां लोगों में जातीय विविधता भी देखने को मिलेगी। अफगानिस्तान विशेष रूप से कई अलग-अलग संस्कृतियों और स्थानीय भाषाओं का घर है।

7. अफगानिस्तान की प्राकृतिक सुंदरता:
अफगानिस्तान निश्चित रूप से सबसे लुभावनी पहाड़ियों, संरक्षित प्रकृति और अंतहीन सौंदर्य से भरा एक देश है। यहां पर कई ऐसे स्थल है जहां वास्तव में मनुष्य द्वारा कोई भी छेड़छाड़ नहीं की गई है। यहाँ कई अनछुए अनगिनत पहाड़ और अनदेखी झीलें इस जगह की शोभा बढ़ाते हैं।

संदर्भ:
1.
https://bit.ly/2LC4Cdj
2.https://bit.ly/2T8zTqN
3.https://wikitravel.org/en/Afghanistan



RECENT POST

  • वस्त्र उद्योग का कायाकल्प करने, सरकार की उत्पादन लिंक्ड प्रोत्साहन और टेक्सटाइल पार्क योजनाएं
    स्पर्शः रचना व कपड़े

     28-05-2022 09:12 AM


  • भारत में क्यों बढ़ रही है वैकल्पिक ईंधन समर्थित वाहनों की मांग?
    य़ातायात और व्यायाम व व्यायामशाला

     27-05-2022 09:21 AM


  • फ़ूड ट्रक देते हैं बड़े प्रतिष्ठानों की उच्च कीमतों की बजाय कम कीमत में उच्‍च गुणवत्‍ता का भोजन
    स्वाद- खाद्य का इतिहास

     26-05-2022 08:24 AM


  • रामपुर से प्रेरित होकर देशभर में जल संरक्षण हेतु निर्मित किये जायेगे हजारों अमृत सरोवर
    नदियाँ

     25-05-2022 08:08 AM


  • 102 मिलियन वर्ष प्राचीन, अफ्रीकी डिप्टरोकार्प्स वृक्ष की भारत से दक्षिण पूर्व एशिया यात्रा, चुनौतियां, संरक्षण
    पेड़, झाड़ियाँ, बेल व लतायें

     24-05-2022 07:33 AM


  • भारत में कोयले की कमी और यह भारत में विभिन्न उद्योगों को कैसे प्रभावित कर रहा है?
    खनिज

     23-05-2022 08:42 AM


  • प्रति घंटे 72 किलोमीटर तक दौड़ सकते हैं, भूरे खरगोश
    व्यवहारिक

     22-05-2022 03:30 PM


  • अध्यात्म और गणित एक ही सिक्के के दो पहलू हैं
    विचार 2 दर्शनशास्त्र, गणित व दवा

     21-05-2022 11:15 AM


  • भारत में प्रचिलित ऐतिहासिक व् स्वदेशी जैविक खेती प्रणालियों के प्रकार
    भूमि प्रकार (खेतिहर व बंजर)

     20-05-2022 09:59 AM


  • भारत के कई राज्यों में बस अब रह गई ऊर्जा की मामूली कमी, अक्षय ऊर्जा की बढ़ती उपलब्धता से
    नगरीकरण- शहर व शक्ति

     19-05-2022 09:42 AM






  • © - 2017 All content on this website, such as text, graphics, logos, button icons, software, images and its selection, arrangement, presentation & overall design, is the property of Indoeuropeans India Pvt. Ltd. and protected by international copyright laws.

    login_user_id